भाइयों बहनों, मैं आपका प्रधान सेवक बोल रहा हूँ

भाइयों बहनों, मैं आपका प्रधान सेवक बोल रहा हूँ

गुजरात मेरी जन्मभूमि तथा आन बान और शान है
यहीं से मेरा अस्तित्व तथा यहीं से ही मेरी पहचान है
मेरे सांस्कृतिक जीवन का यही प्रथम मैदान है
यहीं पर मैंने ठाना कि राजनीति ही मेरा धर्म और ईमान है
भाइयों बहनों मैं आपका प्रधान सेवक बोल रहा हूँ।

“इच्छाएँ तथा विजन बड़ा होना चाहिए” यही ठानता हूँ
“सपने पूर्ण करने हैं” यह अच्छी तरह मानता हूँ
गुजरात से निकल कर देश का नेतृत्व करना चाहता हूँ
लक्ष्य के बीच में आने वाली हर बाधा को हटाना जानता हूँ
भाइयों बहनों मैं आपका प्रधान सेवक बोल रहा हूँ।

भ्रष्टाचार तथा कालेधन के मुद्दों को लोकसभा चुनाव में खूब उठाया
चुनावी सभाओं में जनता को मित्रों एवं भाइयों बहनों कहकर खूब रिझाया
तत्कालीन सत्तारूढ़ पार्टियों को उनके कथित घोटालों के जाल में फंसाया
चाणक्य नीति को अपना कर मैं पूर्ण बहुमत से चुनाव जीत कर आया
भाइयों बहनों मैं आपका प्रधान सेवक बोल रहा हूँ।

प्रधान सेवक बनते ही मैंने पार्टी का राष्ट्रीय स्तर पर जीर्णोद्धार किया
विश्वासपात्र क्षत्रप को सर्वप्रमुख बनाकर उसको पार्टी का दारोमदार दिया
रास्ते के सभी जवान और बुजुर्ग अवरोधों को समझाइश से निष्क्रिय किया
कुछ थे ऐसे जो डटे रहे, उन्हें महत्वहीन मार्गदर्शक मंडल का रास्ता दिखा दिया
भाइयों बहनों मैं आपका प्रधान सेवक बोल रहा हूँ।

ऑक्टोपस की तरह पार्टी पर मजबूत पकड़ कर एकछत्र राज चला रहे हैं
मनभेदी तथा मतभेदी विचारधाराओं को बहला फुसला, डाँट डपट कर सुला रहे हैं
“कांग्रेस मुक्त भारत” का वादा तथा इरादा हम पूरी शिद्दत से निभा रहे हैं
जहाँ-जहाँ कांग्रेस अस्तित्व में है उसे चाणक्य नीति से हमारी पार्टी में मिला रहे हैं
भाइयों बहनों मैं आपका प्रधान सेवक बोल रहा हूँ।

“मैं जो सोचता हूँ वो करता हूँ और जो नहीं सोचता हूँ वो डेफिनेटली करता हूँ” ये जता दिया
रिजर्व बैंक को दरकिनार कर, अचानक नोटबंदी करके दुनिया को ये दिखा दिया
रिजर्व बैंक का कार्य भी अब आपके प्रधान सेवक ने अपने हाथों में ले लिया है
अपने निर्णयों से संवैधानिक संस्थाओं का महत्त्व कम करते-करते शून्य किया है
भाइयों बहनों मैं आपका प्रधान सेवक बोल रहा हूँ।

“मेरा वचन ही है मेरा शासन” बस ऐसी ही कुछ सूरत है
अमलीजामा पहनाने के लिए सिर्फ कुछ कटप्पाओं की जरूरत है
सरकारी जाँच एजेंसियाँ यह कार्य बखूबी निभा रही है
केवल मूक इशारे पर खुद ही कटप्पा बनने की होड़ लगा रही है
भाइयों बहनों मैं आपका प्रधान सेवक बोल रहा हूँ।

कुशल नीति तथा अव्वल दर्जे के प्रबंधन से सोशल मीडिया पर हम विराट हैं
हम वो हैं जो बिना अश्वमेघ यज्ञ के सोशल मीडिया के चक्रवर्ती सम्राट हैं
है मजाल किसी की जो हमारे विरुद्ध सोशल मीडिया पर कुछ कर जाए
कोई दुस्साहस भी करे अगर तो मेरे क्षत्रपों के ब्रह्मास्त्रों से डर जाए
भाइयों बहनों मैं आपका प्रधान सेवक बोल रहा हूँ।

जहाँ कहीं भी देखो तो हम ही हम नजर आते हैं
चाहे टीवी हो या मोबाइल सब मेरे ही गुण गाते हैं
आधुनिक चारणों से युक्त न्यूज चैनल ही हमारा प्रश्रय पाते हैं
जो विरुद्ध में खबर दिखाए वो नोटिस लेकर बहुत पछताते हैं
भाइयों बहनों में आपका प्रधान सेवक बोल रहा हूँ

मैं और मेरा क्षत्रप आधुनिक चन्द्रगुप्त और चाणक्य बने हैं
पर धनानंद कौन-कौन है यह अभी समझ से परे है
चन्द्रगुप्त के युग से अब तक हर युग में जनता ने कष्ट सहे हैं
अपनी जागरूकता में कमी की वजह से शायद ये उसकी नियति रहे हैं
भाइयों बहनों मैं आपका प्रधान सेवक बोल रहा हूँ।

हमेशा की तरह चुनावी वायदे आगामी चुनाओं तक भुला दिए जाते हैं
बीच-बीच में कुछ जागरूक लोग तड़प-तड़प कर उनकी याद दिलाते हैं
हम जनसेवक चुनाव के पश्चात पाँच साल तक जनता को बरगलाते हैं
फिर चुनावों के समय पुनः उन्ही अपूर्ण वादों को पूरा करने का वायदा दोहराते हैं
भाइयों बहनों मैं आपका प्रधान सेवक बोल रहा हूँ।

जनता की क्षीण याददाश्त हम सभी नेताओं के लिए लाभदायक है
अपूर्ण वादों के बावजूद भी पुनः सत्ता पर काबिज होना इसका परिचायक है
हमारी शहद सी मीठी जुबान तथा विनम्रता ही हमारे मजबूत अस्त्र शस्त्र है
हमें इस बात से कुछ नहीं लेना देना कि जनता हमसे कितनी त्रस्त है
भाइयों बहनों मैं आपका प्रधान सेवक बोल रहा हूँ।

“स्टेचू ऑफ यूनिटी” तथा “बुलेट ट्रेन” ही मेरे जीवन के दो प्रमुख सपने हैं
जो इनके विरोध में हैं वो मेरे कट्टर विरोधी तथा बाकी सभी मेरे अपने हैं
इन दोनों की वजह से विश्व में भारत की ताकत बढ़ जाएगी
बढ़ी हुई इस ताकत से करोड़ो भारतीयों की भूख भी मिट जाएगी
भाइयों बहनों मैं आपका प्रधान सेवक बोल रहा हूँ।

आखिर में अपने बारे में एक राज की बात बताता हूँ
अपनी सफलता का मूल मंत्र में आप सभी को सुनाता हूँ
मैं भाषण कला में प्रवीण हूँ तथा मित्रों एवं भाइयों बहनों से ही मेरी पहचान है।
लोग मेरे भक्त बन जाते हैं क्योंकि शहद से भी मीठी मेरी जुबान है
भाइयों बहनों मैं आपका प्रधान सेवक बोल रहा हूँ।

भाइयों बहनों, मैं आपका प्रधान सेवक बोल रहा हूँ Your Principal Servant is Speaking

Written by:
Ramesh Sharma

ramesh sharma smpr news

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